
प्रीत के धागों के बंधन में
स्नेह का उमड़ रहा संसार
सारे जग में होता सच्चा
भाई बहन का प्यार
– Suraksha Khurana
किन शब्दों में जिक्र करूं तुम्हारा
तुम कितने अजीज हो मेरे
अपने हिस्से की खुशियां देकर
भाई का बखूबी फर्ज पूरा करते
रोरी,मिठाई, राखी की थाल सजा
लंबी उम्र की दुआ कर लेती हूँ
राखी कलाई पर बांध कर तुम्हारे
अपनी सुरक्षा का मान ले लेती हूँ
स्नेह का है दोनों का मीठा सा संसार
खुश रहो सदा,तुम्हारी दुनिया रहे आबाद।
Anshita Dubey
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